Sunday, May 12, 2013

Pawan Narayan : Udit Narayan Of Maithili Cinema



मैथिली गीतक “उदित नारायण” सं संबोधित पवन नारायण जी आजुक समयमें सबसं चर्चित युवा गायक आ संगीतकार छैथ । मधुबनी जिलाके रहिका ब्लॉकक अन्तर्गत बच्छी गामक पवन नारायण तबला आ गिटारक नीक जानकार छैथ। मैथिली फ़िल्म   “खुरलुच्ची”क सफ़ल प्रदर्शन के संबंधमें फ़िल्मक संगीतकार व गायक माइफ़ा सम्मानसं सम्मानित पवन नारायण जी संग भास्कर झाक भेल गप्प-शप्पक किछु अंश :

सर्वप्रथम अहां अपन प्रारंभिक जीनगी, पढाई-लिखाई, आ संगीत शिक्षाक बारे में किछु जनतब दी।

जी , हम वाटसन स्कुल, मधुबनी सं अपन प्रारंभिक शिक्षा प्रारंभ केने छी। मैट्रिक कएलाक बाद आरके कॉलेज, मधुबनीमें नामांकन लेलहुं आ ओहि ठामसं केमिस्ट्रीमें बीएससी केलहुं। चुकी बाल्यावस्थासं ही हमरा गीतमें बेसी रुचि रहय, त्यां हम अपन बाबाक संगीत सान्निध्य पाबि संगीत क्षेत्रमें अपन डेग बढेलहुं। प्रारंभिक अवस्थामें बाबाक अलाबे हमरा ओना केऊ नहिं सिखेलाह। हं, पछाति हम प्रख्यात निसार खानक सुपुत्र चान्द अहमद सं हमरा बहुत किछु सिखबाक भेटल। प्रयागराज संगीत विद्यालय, इलाहाबादसं संगीतमें प्रभाकर केने छी।

संगीत आ गायन क्षेत्रमें आबयके प्रेरणा अहांके कतय सं भेटल ?

सच बाजू तS नाटक आ अपन बाबासं। संगीत क्षेत्रमें हमरा बड्ड कष्ट सहए पड़ल अछि। गाममें रहिकए अहि क्षेत्रमें प्रयास करबामें कष्टे कष्ट भड़ल अछि। मुदा तईयो हमर बाबा कहै छलखिन जे किछु विशेष करबाक लेल किछु विशेष कष्टक सामना करय पड़ैत छै। एहिके अलाबे, दरभंगा रेडियो स्टेशनमें एकटा गायिका छलखिन, जिनकर ना छलैन प्रतिमा। ओ हमरे परिवारके छलखिन। हुनके देखि गीत गाबयके मोन भेल आ चलि पड़लहुं एहि यात्रा पर।

आजुक समयमें जतेक मैथिली फ़िल्म बनि रहल अछि, ओहिमेंसं अधिकांश फ़िल्ममें अहींके संगीत रहैत अछि। एखन धरि कोन कोन फ़िल्ममें संगीत देने छी अथवा दय रहल छी?

एखन धरि “ चट मंगनी पट भेल बियाह”, “खुरलुच्ची”, “घोघ में चान्द” , “हमर सौतीन” आदिमें सफ़ल संगीत देने छी, गीत गौने छी जकरा दर्शक बड्ड पसीन केलनि अछि। आबय बला मैथिली फ़िल्म “ सेनुरक मोल बड्ड अनमोल”, “सौतीन”, “डमरुआ” आदि में हम संगीत दय रहल छी। गायन आ संगीत सं प्रभावित भए किछु आर ऑफ़र सब आबि रहल अछि जकर नाम हम नहिं कहि सकैत छी।

अहांके पहिल मैथिल फ़िल्म कोन छल जाहिमें अहांके गायन आ संगीत निर्देशन करबाक अवसर भेटल छल ?

मैथिली फ़िल्म “ अहां छी हमरा लेल” हमर ओ पहिल फ़िल्म छल जाहिमें हमरा अपन गायन क्षमता देखेबाक अवसर भेटल छल। हमर एकटा मैथिली गीतक अल्बम बनल छल कोलकाता सं। जकर नाम छल- “ ठहरि जाउ चंदा” । ओहि एलबम केर गीत “ठहरि जाउ चंदा” बड्ड लोकप्रिय भेल छल। आ एहि गीतके “ अहां छी हमरा लेल” में सेहो गएबाक अवसर भेटल। संगीत निर्देशकक रुपमें हमर पहिल फ़िल्म अछि “ खुरलुच्ची”। हम फ़िल्मक निर्देशक  मनोज झाजीके प्रति अपन आभार व्यक्त करैत छी जे ओ हमरा फ़िल्ममें संगीत देबै लेल कहलाह।

फ़िल्ममें संगीत देबैके अतिरिक्त, अहांक कतेक म्युजिकल एलबम बाजारमें आबि चुकल अछि ?

देखू, सच कहु त’ हमर मोन कहियो एल्बममें गाबय अथवा एलबम निकालयके नहि रहय।पहिले हम हिन्दी गाबय लेल छलहुं। मुदा मां मैथिलीक महिमा जे हम मैथिली गाबि रहल छी। एल्बम के बात करी त’  हमर चार गोट मैथिली एल्बम आबि चुकल अछि।

मैथिलीक अतिरिक्त,आर कोन कोन भाषामें काज केने छी, संगीत देने गौने छी?

मैथिलीक अतिरिक्त हम गढबालीमें गेने छी। भोजपुरीमें गेने छी। हिन्दीमें गेने छी। सुरजापुरीमें गेने छी, कुमाऊंनी आ आब नेपालीमें गाबय जा रहल छी।

मैथिली सिनेमाक सबसं पैघ समस्या की छै? ओकर निदान कोना भ सकैत अछि ?

मैथिली सिनेमाक सबसं पैघ समस्या अछि नीक डिस्ट्रीब्यूटरक अभाव आ निर्माता-निर्देशकक आपसी ईर्ष्या-द्वेष। एहि दूटा समस्याक समाधान भेलसं सब किछु ठीक भ जायत। डिस्ट्रीब्यूशनक व्यवस्था ठीक करबाक लेल आन्दोलन करय पड़त। सिनेमा हॉल केर मालिक पर दवाब बनाबय पड़त । मैथिली फ़िल्मक कम सं कम एकटा शो चलाबै के लेल हॉल मालिक के कोनो रुपे मनाबय पड़त !

अहांक संगीत यात्रामें सबसं सुखद क्षण ?

जखन अपन मांके गीत सुनबाय छी आर मां कहैत अछि “ हम्मर बेटा सबसं बढिया गबैया”।

मैथिलीमें पसरैत भोजपुरिया अश्लीलताक बारेमें किछु कहब?

बस खाली पाई कमेबा लेल मैथिलीके अपन रंग सं नहिं हटाबू……. भोजपुरी पैरोडी नहिं गाबू…… गीत संगीत पर मेहनति करू……. अपन मैथिलीमें बड्ड बात छै। गीत संगीत नीक सं करी, समाजक आईना कला आ कलाकार होयत अछि।

आई मैथिलीमें बहुत रास गायक लोकनि अछि । एहि गायक सबमें अहां किनकर आवाजसं बेसी प्रभावित छी?

ओना एखन केऊ नहिं ….. मुदा आजुक गायकमें दिली दरभंगिया थोर-मोर प्रभावित करैत अछि। हुनकामें बड्ड संभावना छैन।

अहांक प्रिय गायक, संगीतकार, मैथिल अभिनेता आ फ़िल्म ?

गायकमें हमर गुरुदेव प्रख्यात पार्श्वगायक उदित नारायण जी, संगीत निर्देशनमें प्रसिद्ध गायक संगीतकार ज्ञानेश्वर दुबे जी, अभिनेतामें राजीव सिंह जी आ हमर प्रिय मैथिली फ़िल्म अछि “ कखन हरब दुख मोर” ।

उभरैत मैथिली गायक व संगीतकारक लेल कोन संदेश ?

बस अपन एकाग्रता बनाक’ राखी आओर मां मैथिली सं प्रे बढबैत जाऊ।

बहुत बहुत धन्यवाद पवन जी अतेक समय देबय लेल।

अहुंके बहुत बहुत धन्यवाद भास्कर भाइजी।


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